जालंधर ब्रीज: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने मंगलवार को कहा कि आम आदमी सरकार ने राज्य में सत्ता संभालने के बाद केवल पाँच महीनों में ही 17,313 युवाओं को सरकारी नौकरियों के लिए नियुक्ति पत्र सौंपे हैं। यहाँ पंजाब पुलिस में नवनियुक्त 4358 सिपाहियों को नियुक्ति पत्र बाँटते समय जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने पूरी भर्ती प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से सम्पन्न की है। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि इस पूरी भर्ती प्रक्रिया दौरान सिर्फ़ मेरिट ही एकमात्र मापदंड था।
भगवंत मान ने आगे कहा कि पुलिस विभाग में खाली पड़े 5739 अन्य पदों पर भर्ती जल्द ही शुरू की जायेगी। नये भर्ती हुए सभी जवानों को पंजाब से अपराध और अपराधियों का ख़ात्मा करने के लिए अपनी कौशल को लगातार निखारते रहने के लिए कहते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह उनके लिए बेहद गर्व और संतोष की बात है कि नये भर्ती हुए जवान उच्च विद्या प्राप्त हैं, जो तकनीकी ज्ञान से परिपूर्ण हैं। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि आज के तकनीकी युग में अपराध और अपराधियों से निपटने के लिए इन जवानों की उच्च विद्या काफ़ी मददगार साबित हो सकती है।
भगवंत मान ने कहा कि अपराधी अपराध करने के लिए नयी-नयी तकनीकें अपना रहे हैं और इन अपराधियों और अपराध के साथ कार्य-कुशल तरीके से निपटने के लिए पुलिस जवानों को भी अपने हुनर और महारत को निखारते रहना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस चुनौतीपूर्ण नौकरी के लिए उच्च शैक्षिक योग्यता प्राप्त युवाओं के सफल होने के कारण उनको बेहद ख़ुशी हुई है। उन्होंने बताया कि कुल 4358 उम्मीदवारों में से 103 पोस्ट-ग्रैजुएट, 2607 ग्रैजुएट और 1648 सीनियर सेकंडरी पास हैं।
भगवंत मान ने कहा कि कुल उम्मीदवारों में से 2930 उम्मीदवार 18 से 25 वर्ष आयु वर्ग के हैं, जबकि 816 की उम्र 26 से 30 साल के बीच है। हर क्षेत्र में सफलता के झण्डे गाड़ रही लड़कियों को मुबारकबाद देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब पुलिस में इस भर्ती दौरान लड़कियों के लिए कुल 33 प्रतिशत पद आरक्षित करने का विज्ञापन दिया गया था परन्तु लड़कियों ने कड़ी मेहनत से इससे भी अधिक पद हासिल किये हैं। उन्होंने कहा कि यह प्रगतिशील और ख़ुशहाल समाज का निर्माण करने के लिए एक सकारात्मक संकेत है।
भगवंत मान ने कहा कि राज्य सरकार लड़कियों की भलाई के लिए उनको मानक शिक्षा उपलब्धत कराने के लिए वचनबद्ध है। राज्य के गौरवमयी योगदान को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम में बलिदान देने वाले 90 प्रतिशत से अधिक शहीद पंजाब के थे। इसी तरह पंजाब के बहादुर सैनिक आज भी देश की सरहदों की रक्षा के लिए अपने जीवन का बलिदान दे रहे हैं। भगवंत मान ने दृढ़ता के साथ कहा कि राज्य के जवान महान सिख गुरूओं की सोच को समर्पित हैं, जिन्होंने अत्याचार और अन्याय के खि़लाफ़ लड़ने की शिक्षा दी। मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि पुलिस में शामिल होना सिर्फ़ एक नौकरी नहीं, बल्कि यह देश की सेवा की भावना है। उन्होंने कहा कि पंजाब पुलिस ने कई कठिन हालातों में देश की सेवा की है और महान परम्पराओं को कायम रखा है।
भगवंत मान ने उम्मीद जताई कि ये नये भर्ती हुए जवान पंजाब पुलिस की समृद्ध विरासत को आगे बढ़ाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस के जवानों का कल्याण सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार कोई कसर बाकी नहीं छोड़ेगी। पुलिस की कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए पुलिस बल को अत्याधुनिक प्रौद्यौगिकी के साथ लैस करने के लिए फंड की कोई कमी नहीं है। भगवंत मान ने कहा कि सरहदी राज्य होने के कारण सदियों से पंजाब को दुश्मनों का सामना करना पड़ा है और हम भविष्य में भी दुश्मनों का दृढ़तापूर्वक सामना करना जारी रखेंगे। नये भर्ती हुए जवानों को भावुक संदेश देते हुए मुख्यमंत्री ने उनको जरूरतमंद लोगों को बिना किसी पक्षपात के न्याय दिलाने के लिए ड्यूटी निभाने का आह्वान किया। उन्होंने आगे कहा कि जवानों को अपनी ड्यूटी पूरी निष्ठा और पेशेवर वचनबद्धता के साथ निभानी चाहिए जिससे लोगों को किसी किस्म की परेशानी पेश न आए और वह राज्य में खुद को सुरक्षित महसूस करें।
भगवंत मान ने उम्मीद जताई कि नये भर्ती हुए जवान राज्य में अमन-कानून की व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे समर्पण के साथ ड्यूटी करेंगे। नये भर्ती हुए जवानों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस नौकरी के लिए उनका चयन कड़ी मेहनत और गंभीर दृष्टिकोण स्वरूप हुआ है। उन्होंने कहा कि ये नौजवान मेहनत करके ही इस नौकरी के हकदार बने हैं क्योंकि वे मेरिट के आधार पर कड़े मुकाबले में सफल हुए हैं।
भगवंत मान ने आगे कहा कि और भी भर्ती ऐसी ही पारदर्शिता के साथ की जा रही है, जो जल्द ही मुकम्मल हो जायेगी। इससे पहले पंजाब के मुख्य सचिव विजय कुमार जंजूआ ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। राज्य के पुलिस प्रमुख गौरव यादव ने मुख्यमंत्री का धन्यवाद किया। इस अवसर पर प्रमुख सचिव, गृह अनुराग वर्मा और अन्य अधिकारी भी उपस्थित थे।


More Stories
पंजाब में चालू खरीफ सीजन के लिए यूरिया की कोई किल्लत नहीं; मांग के मुकाबले 10.71 लाख मीट्रिक टन की रिकॉर्ड उपलब्धता सुनिश्चित
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सबसे लंबे निरंतर प्रधानमंत्री कार्यकाल पर गुरुद्वारा साहिब लुधियाना में अरदास
एम्स गुवाहाटी के अध्यक्ष ने त्रिपुरा के राज्यपाल से की भेंट; भविष्य के चिकित्सकों को सड़क सुरक्षा और राष्ट्र निर्माण पर किया संबोधित