जालंधर ब्रीज: जिला मजिस्ट्रेट संदीप हंस ने जिले में किसी भी व्यक्ति, सामाजिक या धार्मिक संगठन की ओर से सार्वजनिक एकत्रीकरण, धार्मिक स्थानों या अन्य समागमों में किसी भी धर्म, जाति या भाईचारे के विरुद्ध नफरत भरा भाषण देने या अभद्र शब्दावली का प्रयोग करने पर पूर्ण पाबंदी लगाने के आदेश जारी किए हैं। फौजदारी संहिता संघ 1973(1974 का एक्ट नंबर 2) की धारा 144 के अंतर्गत प्राप्त हुए अधिकारों का प्रयोग करते हुए जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। यह आदेश 16 जनवरी 2023 तक लागू रहेगा।
संदीप हंस ने कहा कि यह आम देखने में आया है कि कई बार धार्मिक व सामाजिक एकत्रीकरण या समागम में किसी भी धर्म, जाति वर्ग के विरुद्ध अभद्र शब्दावली या नफरत पैदा करने वाले भाषण दिए जाते हैं, जिससे राष्ट्रीय अखंडता भंग होती है व अमन कानून की व्यवस्था प्रभावित होती है।

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