February 10, 2026

Jalandhar Breeze

Hindi Newspaper

एपीजे स्कूल महावीर मार्ग में श्रीमती राजेश्वरी की जयंती पर मनाया गया ‘राजेश्वरी कला उत्सव’

Share news

जालंधर ब्रीज: एपीजे स्कूल महावीर मार्ग में श्रीमती राजेश्वरी पॉल की 99 वीं जयंती पर ‘राजेश्वरी कला उत्सव’ का आयोजन किया गया। वह एपीजे के संस्थापक डॉ सत्यपाल की धर्मपत्नी तथा सुषमा पॉल बर्लिया ( प्रेसिडेंट एपीजे सत्य ग्रुप, चेयरमैन ऑफ एपीजे एजुकेशन सोसायटी, को फाउंडर व चांसलर एपीजे सत्य-यूनिवर्सिटी ) की माता थीं।

इस कार्यक्रम का आरंभ दीप प्रज्वलित करके किया गया तथा विद्यालय की प्रिंसिपल संगीता निस्तन्द्रा , इस कार्यक्रम की मुख्य अतिथि संतोष व्यास (असिस्टेंट प्रोफेसर एपीजी कॉलेज ऑफ फाइन आर्ट्स) तथा एपीजे स्कूल के वाइस प्रिंसिपल वी के खन्ना ने श्रीमती राजेश्वरी पॉल को श्रद्धा सुमन अर्पित किए। विद्यालय के संगीत विभाग के विद्यार्थियों ने सूफी गीत ‘मेरा पिया घर आया’ तथा ‘नित खैर मंगा सोणया मैं तेरी’ प्रस्तुत किया तो सब झूम उठे ।

विद्यालय के नृत्य विभाग के विद्यार्थियों ने मनभावन शास्त्रीय नृत्य ‘राम स्तुति’ प्रस्तुत किया । ‘जर्नी ऑफ राजेश्वरी संगीत संगम’ नामक लघु नाटिका भी प्रस्तुत की गई जिसमें बताया गया कि ‘राजेश्वरी कला संगम’ की स्थापना 1972 में की गई थी। इसकी स्थापना का मुख्य उद्देश्य कला, नृत्य, संगीत जैसी ललित कलाओं को महत्व प्रदान करना था।

इस संस्था से बहुत सारे प्रसिद्ध फिल्मी कलाकारों ने शिक्षा प्राप्त की है। इस संस्था में सुप्रसिद्ध बिरजू महाराज भी समय- समय पर आकर अपना सहयोग देते रहें हैं। श्रीमती राजेश्वरी पॉल का डॉ सत्यपॉल के जीवन में सफलता प्राप्त करने में विशेष योगदान था। उनके मार्गदर्शन तथा सहयोग ने सुषमा पॉल बर्लिया को जीवन में सफलता प्रदान की।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि संतोष व्यास ने भी राम कथा पर मनमोहक नृत्य प्रस्तुत किया। विद्यालय की प्रिंसिपल संगीता निस्तन्द्रा ने मुख्य अतिथि का धन्यवाद किया तथा विद्यार्थियों को यह प्रेरणा दी कि उन्हें भी पढ़ाई के साथ-साथ संगीत, नृत्य, गायन आदि ललित कलाओं में रुचि रखनी चाहिए ताकि जीवन का सर्वांगीण विकास हो सके।


Share news