जालंधर ब्रीज: पंजाब विजीलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही अपनी मुहिम के तहत जिला उपभोक्ता शिकायत निवारण फोरम, तरनतारन के प्रधान के रीडर वरिंदर गोयल को 50,000 रूपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
आज यहां जानकारी देते हुए विजीलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपी को जिला तरनतारन के गांव दियो की निवासी द्वारा दर्ज करवाई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
प्रवक्ता ने बताया कि शिकायतकर्ता ने विजीलेंस ब्यूरो को दी शिकायत में आरोप लगाया था कि उसके पति सहायक सब-इंस्पेक्टर थे जिसकी वर्ष 2022 में एक हादसे में मृत्यु हो गई थी। इस संबंध में पंजाब पुलिस विभाग की ओर से 30,00,000 रुपए की मुआवजा राशि मंज़ूर की गई थी और भुगतान हेतु एचडीएफसी बैंक को भेजी गई थी। लेकिन मामूली कारणों के चलते बैंक ने यह मुआवजा देने से इनकार कर दिया। इसके विरोध में शिकायतकर्ता ने जिला उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम, तरनतारन में केस दायर किया।
प्रवक्ता ने आगे बताया कि उक्त आरोपी ने शिकायतकर्ता के हक में फैसला करवाने की एवज में मुआवजे की राशि में से 10 प्रतिशत के रूप में 3,00,000 रुपए रिश्वत की मांग की थी। शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद विजीलेंस ब्यूरो की टीम ने जाल बिछाया और आरोपी को दो सरकारी गवाहों की उपस्थिति में 50,000 रुपए की पहली किस्त लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।
इस संबंध में विजीलेंस ब्यूरो के थाना अमृतसर रेंज में आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को कल सक्षम अदालत में पेश किया जाएगा और मामले की आगे की जांच जारी है।

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