जालंधर ब्रीज: पंजाब विजीलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी अभियान के तहत पटवारखाना लोहारा, जिला लुधियाना में तैनात पटवारी अंकुर कटारिया और उसके एजेंट राजा को 4,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू किया है।
आज यहां यह जानकारी देते हुए राज्य विजीलेंस ब्यूरो के सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपियों को न्यू राम नगर, लोहारा, जिला लुधियाना की निवासी एक महिला द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता ने बैंक ऋण लेने के लिए अपने मकान का 30 वर्ष का स्वामित्व रिकॉर्ड प्राप्त करने के लिए पटवारी अंकुर कटारिया से संपर्क किया था। आरोपी पटवारी ने उसे राजा नामक बिचौलिए से संपर्क करने के लिए कहा। एजेंट राजा ने मकान का स्वामित्व रिकॉर्ड उपलब्ध करवाने के बदले 5,000 रुपये रिश्वत की मांग की। उसने मौके पर ही पहली किस्त के रूप में 1,000 रुपये ले लिए और शेष 4,000 रुपये रिकॉर्ड उपलब्ध करवाते समय लेने पर सहमति जताई।
रिश्वत देने के लिए सहमत न होने पर शिकायतकर्ता ने विजीलेंस ब्यूरो रेंज, लुधियाना से संपर्क किया। इस शिकायत पर कार्रवाई करते हुए विजीलेंस टीम ने जाल बिछाया और दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में दोनों आरोपियों—पटवारी और उसके एजेंट—को शिकायतकर्ता से 4,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू कर लिया।
इस संबंध में आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण कानून के तहत विजीलेंस ब्यूरो थाना, लुधियाना में मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की आगे की जांच जारी है।

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