जालंधर ब्रीज: सेफ स्कूल वाहन पालिसी के अंतर्गत स्कूल के बच्चों की सुरक्षा को मुख्य रखते हुए स्कूल प्रमुख की ओर से बसों के सारे नियमों का पालन करना जरुरी है। इसी संबंध में माननीय पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट व पंजाब राज्य बाल सुरक्षा आयोग की ओर से जारी हिदायतों व डिप्टी कमिश्नर के आदेशों पर सेफ स्कूल वाहन स्कीम के अंतर्गत बनी टास्क फोर्स की ओर से स्कूल बसों की चैकिंग की गई।
टास्क फोर्स ने सेंट जोसफ कानवेंट स्कूल राम कालोनी कैंप व अकैडमिक हाईट्स स्कूल चगरां में स्कूली बसों की चैकिंग की। चैकिंग के दौरान फस्ट एड किटें, लेडी अटेंडेंट, पासिंग, स्पीड गर्वनर, बसों में आपातकालीन एग्जिट, अग्निशमन यंत्र, सी.सी.टी.वी कैमरे, बस में सीटिंग कैपेसिटी जैसे बिंदुओं को चैक किया गया। जिन बसों में कमियां पाई गई उनके मौके पर चालान किए गए। इस मौके पर जिला बाल सुरक्षा अधिकारी हरप्रीत कौर, रिजनल ट्रांसपोर्ट अथारिटी की ओर से तरलोक सिंह, शिक्षा विभाग से अभिषेक, पुलिस विभाग से कुलवंत सिंह व लीगल अधिकारी सुखजिंदर सिंह मौजूद थे।
जिला बाल सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि सेफ स्कूल वाहन पालिसी के अनुसार शर्ते पूरी न करने वाली बसों के साथ अक्सर कोई न कोई हादसा घटने का खतरा बना रहता है। उन्होंने बताया कि सेफ स्कूल वाहन टास्क फोर्स की ओर से जिले में लगातार यह अभियान चलाया जाएगा। टास्क फोर्स ने सभी स्कूलों को हिदायत की कि वे सभी ड्राइवरों का समय पर मेडिकल चैकअप करवाएं व यकीनी बनाएं कि बसों के ड्राइवरों व अटेंडेंट यूनिफार्म में हों। उन्होंने कहा कि बसों में सफर करने वाले छोटे बच्चों का खास ध्यान रखने की जरुरत है। उन्हें बसों पर चढ़ने व उतरने के समय सही तरीके से रोड क्रास करवाएं और जिन स्कूलों बसों में जो कमियां पाई गई हैं, वे उसे तुरंत दूर करें।

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