जालंधर ब्रीज: इस क्षेत्र के व्यापारियों, किसानों, कृषि-विशेषज्ञों व व्यवसायिकों ने ‘आत्मनिर्भर भारत अभियान’ के अंतर्गत घोषित आर्थिक पैकेजों के प्रति आशा प्रकट की है। माननीय प्रधान मंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने 12 मई, 2020 को भारत के कुल घरेलू उत्पादनके 10 प्रतिशत के समान 20 लाख करोड़ रुपए का एक विशेष आर्थिक पैकेज घोषित किया था। उन्होंने ‘आत्मनिर्भर भारत अभियान’ का स्पष्ट आह्वान दिया था। इसके पश्चात् वित्त मंत्री, श्रीमति निर्मला सीतारमण ने इस सप्ताह अर्थव्यवस्था, आधारभूत संरचना, सिस्टू, जीवंत डैमोग्राफी व मांग पर ध्यान केन्द्रित करते हुए आर्थिक पैकेजों की पांच किश्तें घोषित की हैं।
कृणि विपणन सुधारों पर बल देते हुए वित्त मंत्री ने हाल ही में घोषणा की थी कि किसानों को अपनी उपज लाभदायक कीमतों पर बेचने, अवरोध-मुक्त अंतर्राजीय व्यापार व कृषि उत्पादों हेतु ई-ट्रेडिंग के ताने-बाने हेतु उचित विकल्प प्रदान करने के लिए एक केन्द्रीय अधिनियम तैयार किया जाएगा। इस पर टिप्पणी करते हुए पंजाब के गांव पट्टी के सुखदेव सिंह ने इस घोषणा की सराहना की तथा कहा कि ई-व्यापार के द्वारा किसानों के लिए अपनी फ़सलें बेचने हेतु नई मण्डियां खुलेंगी त उन्हें बेहतर लाभ हो सकेगा। ज़िला होशियारपुर के जसबीर सिंह ने कहा कि आवश्यक वस्तुओं से संबंधित अधिनियम में परिवर्तन से कृषि उपज की बिक्री पर लगे प्रतिबन्द्ध हट जाएंगे तथा किसानों को अधिक मुनाफ़ा लेने में सहायता मिलेगी।
हिमाचल प्रदेश के शिमला से एक चारटर्ड अकाऊँटैंट (सीए) राजीव सूद ने कहा कि टैक्स व्यवस्थाओं में परिवर्तनों से लोगों के हाथों में तरलता (लिक्वीडिटी) का सुधार होगा। नागरिकों को अवैतनिक भुगतानों हेतु टीडीएस दरों व ‘टैक्स कुलैक्टड एट सोर्स’ (टीसीएस) दर वित्तीय वर्ष 2020-21 के शेष रहते समय हेतु निर्धारित दरों से 25 प्रतिशत कम हो जाएगी। ऐसे 50,000 करोड़ रुपए की लिक्वीडिटी (तरलता) प्रदान होगी। इस संबंधी घोषणा बुद्धवार को ‘घोषणाओं के प्रथम चरण’ में की गई थी।
इण्डस्ट्रीज़ ऑफ़ चण्डीगढ़ के अध्यक्ष पंकज खन्ना ने कहा कि एमएसएमईज़ (सूक्ष्म-लघु व मध्यम उद्यमों) वाले क्षेत्र हेतु आर्थिक पैकेज का अत्यधिक स्वागत करना बनता है तथा इससे इस क्षेत्र को बहुत बल मिलेगा। वैसे उन्होंने चेतावनी दी कि इस पैकेज की सफ़लता हेतु यह कदम जस के तस लागू करने होंगे। पंजाब के जालन्धर से सरबजीत सिंह ने इन घोषित आर्थिक पैकेजों हेतु भारत सरकार का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि कारोबारों को लॉकडाऊन की कठिनाईयों का सामना करने में सहायता मिलेगी।
‘सरकारी सुधार व कणहार’ संबंधी आज उपायों के 5वें चरण की घोषणा करते हुए श्रीमति सीतारमण ने रोज़गार प्रदान करवाने, व्यवसाओं हेतु सहायता, कारोबार करना सरल बनाना एवं राज्य सरकारों व शिक्षा व स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों के लिए सात उपायों संबंधी विस्तृत जानकारी दी।





More Stories
आयकर विभाग द्वारा नए आयकर अधिनियम और टीडीएस/टीसीएस प्रावधानों पर सेमिनार का आयोजन
प्रधानमंत्री ने महान संत श्री गुरु रविदास महाराज जी को श्रद्धांजलि अर्पित की
केंद्रीय बजट 2026-27 का सारांश